Blog

“जिला अस्पताल कवर्धा की लापरवाही से नवजात की मौत, प्रबंधन के ‘जिम्मेदार अधिकारी’ पर उठे गंभीर सवाल”

कवर्धा। जिला अस्पताल कवर्धा में नवजात की मौत ने पूरे अस्पताल प्रबंधन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। परिजनों के अनुसार, अस्पताल के एक जिम्मेदार अधिकारी की उदासीनता और स्टाफ की ढिलाई के कारण नवजात को समय पर उपचार नहीं मिल पाया, जिससे उसकी मृत्यु हो गई।

परिजनों ने बताया कि घटना के दौरान संबंधित अधिकारी न तो वार्ड की स्थिति देखने पहुंचे, न ही स्टाफ की लापरवाही को रोकने कोई कदम उठाया। शिकायत के बावजूद उनकी तरफ़ से “अभी देखता हूँ”, “स्टाफ आ रहा है” जैसे आश्वासन मिलते रहे, लेकिन वास्तविक कार्रवाई नहीं हुई।

परिजनों का आरोप— अधिकारी की बेरुखी बनी मौत की वजह

धरने पर बैठे परिजनों का कहना है कि यदि उसी समय वरिष्ठ अधिकारी सक्रिय होते और तत्काल कार्रवाई करते, तो बच्चे की जान बच सकती थी। परिजनों का यह भी आरोप है कि यह अधिकारी हमेशा शिकायतों को अनदेखा करता है और वार्ड की व्यवस्थाओं पर कभी ध्यान नहीं देता।

अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ बढ़ा आक्रोश

स्थानीय लोगों का कहना है कि यह पहला मामला नहीं है—
अस्पताल में लंबे समय से:

स्टाफ की कमी,

डॉक्टरों का देर से पहुंचना,

जिम्मेदार अधिकारियों की अनदेखी,

और मरीजों की शिकायतों को नजरअंदाज करना
जैसी समस्याएं बनी हुई हैं।


जवाबदेही तय करने और जांच की मांग

परिजन व स्थानीय नागरिक मांग कर रहे हैं कि:

इस जिम्मेदार अधिकारी की भूमिका की जांच हो,

लापरवाही में शामिल सभी दोषियों पर कार्रवाई हो,

अस्पताल प्रबंधन की जवाबदेही तय की जाए,

और नवजात की मौत की निष्पक्ष जांच कर परिवार को न्याय दिलाया जाए।

अस्पताल परिसर में प्रदर्शन जारी है और लोगों का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button