लोहारा जनपद पंचायत में चोरों के हौसले बुलंद, CEO के कमरे का AC कॉपर पाइप गायब

कवर्धा/लोहारा। लोहारा जनपद पंचायत इन दिनों एक ऐसी घटना को लेकर चर्चा में है, जिसने सरकारी कार्यालयों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जानकारी के अनुसार जनपद पंचायत लोहारा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) के कक्ष में लगे एयर कंडीशनर (AC) का कॉपर पाइप अज्ञात चोरों द्वारा चोरी कर लिया गया। घटना की जानकारी मिलने के बाद जनपद पंचायत प्रशासन में हड़कंप मच गया। मामले को गंभीरता से लेते हुए CEO द्वारा स्थानीय थाना में शिकायत दर्ज कराई गई है, जिसके बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
बताया जा रहा है कि जनपद पंचायत कार्यालय में लगे AC का कॉपर पाइप चोरी होने से कार्यालयीन कर्मचारियों के बीच भी चर्चा का माहौल है। यह घटना इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि चोरी किसी आम व्यक्ति के घर या दुकान में नहीं, बल्कि उस सरकारी कार्यालय में हुई है जहां से क्षेत्र की ग्राम पंचायतों, विकास कार्यों और विभिन्न सरकारी योजनाओं की निगरानी की जाती है।
घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठ रहा है। जनपद पंचायत जैसे महत्वपूर्ण सरकारी कार्यालय में यदि चोर आसानी से प्रवेश कर सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाकर निकल सकते हैं, तो आम नागरिकों और ग्रामीण क्षेत्रों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी प्रश्न खड़े होना स्वाभाविक है। लोगों का कहना है कि सरकारी कार्यालयों में सुरक्षा गार्ड, सीसीटीवी कैमरे और अन्य सुरक्षा प्रबंध होने के बावजूद यदि इस प्रकार की घटना हो रही है, तो सुरक्षा व्यवस्था की प्रभावशीलता पर पुनर्विचार की आवश्यकता है।
स्थानीय लोगों के बीच यह चर्चा का विषय बना हुआ है कि आखिर चोरों ने किस समय इस वारदात को अंजाम दिया और क्या किसी ने संदिग्ध गतिविधियों को देखा था। यदि कार्यालय परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगे हैं तो उनकी रिकॉर्डिंग की जांच से महत्वपूर्ण सुराग मिल सकते हैं। वहीं यदि कैमरे नहीं हैं या बंद पड़े हैं, तो यह भी एक गंभीर प्रशासनिक लापरवाही मानी जा सकती है।
जानकारों का कहना है कि वर्तमान समय में कॉपर (तांबा) धातु की बाजार में अच्छी कीमत होने के कारण कॉपर पाइप और तार चोरी की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। कई स्थानों पर बिजली विभाग, दूरसंचार विभाग और अन्य सरकारी परिसरों से भी तांबे की सामग्री चोरी होने की घटनाएं सामने आती रही हैं। ऐसे में सरकारी कार्यालयों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की आवश्यकता है।
जनपद पंचायत से जुड़े लोगों का कहना है कि यह केवल एक कॉपर पाइप की चोरी का मामला नहीं है, बल्कि सरकारी परिसंपत्तियों की सुरक्षा से जुड़ा विषय है। यदि समय रहते सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत नहीं किया गया तो भविष्य में अन्य महत्वपूर्ण सामानों को भी नुकसान पहुंचने की आशंका बनी रहेगी। लोगों ने कार्यालय परिसर में नियमित निगरानी, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, रात्रिकालीन सुरक्षा गार्ड और सीसीटीवी कैमरों की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।
सूत्रों के अनुसार घटना की जानकारी मिलते ही संबंधित अधिकारियों ने स्थिति का जायजा लिया और चोरी हुए सामान का आकलन किया। वहीं पुलिस ने शिकायत के आधार पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ करने के साथ-साथ संभावित साक्ष्यों को भी खंगाल रही है। जांच में सीसीटीवी फुटेज, संदिग्ध व्यक्तियों की गतिविधियों और कबाड़ खरीदने-बेचने वालों की जानकारी भी महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।
इस घटना ने जनपद पंचायत कार्यालय की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों और क्षेत्रवासियों का कहना है कि जिस कार्यालय से विकास योजनाओं की निगरानी और प्रशासनिक व्यवस्था संचालित होती है, वहां की सुरक्षा में सेंध लगना चिंता का विषय है। अब सभी की नजर पुलिस जांच और प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि चोरी की इस घटना के पीछे कौन लोग शामिल हैं और सुरक्षा व्यवस्था में आखिर कहां चूक हुई।



